सृष्टि का महान गीत
सुबह की पहली किरण ने कैलाश पर्वत के बर्फीले शिखर को सोने जैसा रंग दिया था। वृद्ध बाबा...
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सुबह की पहली किरण ने कैलाश पर्वत के बर्फीले शिखर को सोने जैसा रंग दिया था। वृद्ध बाबा...
वह दिन आज भी याद है, जब सब कुछ धुंधला सा लगने लगा था। घर की खिड़की से दिखता आम का पेड़, माँ की...
यह कहानी एक बूढ़े यहूदी तीर्थयात्री की है, जिसका नाम एलीशेफ था। उसकी उम्र के साथ पैरों में एक...
यरूशलेम की सुबह धुंधली और ठंडी थी। पूर्वी आकाश में हल्की सफेदी फैलने लगी थी, पर अभी भी रात की...
(यह कहानी अय्यूब के शब्दों और उसके हृदय की पीड़ा को, उसी के मुख से सुनाने का प्रयास करती है।...
शहर शूशन सुबह की नरम धूप में नहाया हुआ था। महल के आँगन में चहल-पहल थी, पर रानी एस्तेर के कक्ष...
यरूशलेम की सुबह थी, और ऊषा की पहली किरणें मंदिर के सफेद पत्थरों पर पड़ रही थीं, जैसे स्वर्ग...
यरूशलेम की वह पहाड़ी, जहाँ कभी अरावना का खलिहान हुआ करता था, अब एक अद्भुत चहल-पहल से गूंज रही...
यह उस अंतिम गर्मी की बात है, जब यरूशलेम की हवा में भी एक तरह की चीख़ समाई हुई थी। सूरज शहर की...
यहूदा के राज्य में अबीराम के बाद उसका पुत्र आसा राजा बना। वह यरूशलेम में बैठा, और उसने एक...
अरबों तारे यरूशलेम के ऊपर टिमटिमा रहे थे, जैसे चाँदी के छोटे-छोटे कीलों से भरा कोई विशाल...
शीलो की पहाड़ियाँ सूरज की तिरछी किरणों में सुनहरी हो रही थीं। दिन ढल रहा था, और हवा में जैतून...
(एक काल्पनिक कथा, व्यवस्थाविवरण 25 के विषयों पर आधारित) उस साल अवध की धरती सूखी थी, जैसे ईश्वर...
सातवाँ महीना था। तिशरी का महीना। हवा में अब गर्मी का सितम नहीं, बस एक कोमल सरसराहट थी, जो शाम...
सूरज ढलने लगा था, और मरूभूमि की लालिमा तम्बू के परिसर पर पड़ रही थी। हवा में धूल के कण नाच रहे...
चिलचिलाती धूप रेगिस्तान की रेत को तप्त किए हुए थी। सिनै पर्वत एक विशाल, धूसर और गूँजते हुए...
यूसुफ उस शव पर गिरकर रोया, अपने पिता के ठंडे माथे को छूकर। मिस्र की भरी धूप में भी उसे एक...
दिन ढल चुका था, पर मामरे के पेड़ों की घनी छाया में अभी भी दोपहर की जड़ता छाई हुई थी। अब्राहम...