प्रतीक्षा और आशा का दिन
उस गाँव में, जहाँ चिलचिलाती धूप मिट्टी के घरों की दीवारों पर सफेदी चढ़ा देती थी, बूढ़ा...
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उस गाँव में, जहाँ चिलचिलाती धूप मिट्टी के घरों की दीवारों पर सफेदी चढ़ा देती थी, बूढ़ा...
येरूशलेम के पुराने रस्तों पर धूप ढल रही थी। हवा में मिट्टी और जलती हुई लकड़ी की गंध थी। शाऊल,...
कुरिन्थुस का बंदरगाह दिनभर की गर्मी के बाद एक नम, नमकीन सांस छोड़ रहा था। हवा में जहाजों के...
समुद्र की हल्की लहरें जहाज़ के पतवार से टकरा रही थीं, और हवा में नमक की एक हल्की गंध थी।...
काना गाँव की गलियाँ उस दिन शादी के गीतों से गूंज रही थीं। हवा में केसर और इलायची की खुशबू तैर...
सूरज यरूशलेम की ओर जाने वाली उस सड़क पर सिर के ऊपर तप रहा था। धूल उड़ती, पैरों के नीचे कंकड़...
गाँव के पश्चिम में एक पुराना बरगद था, जिसकी छाया दोपहर बाद एक ठंडी शरण बन जाती थी। उसी छाया...
(एक लंबी, विस्तृत कथा) वह शहर जो कभी अजेय माना जाता था, अब अपनी ही बदबू में सड़ रहा था। नीनवे की...
वह समय था जब उत्तर के पहाड़ी राज्य का नाम सुनकर ही लोगों की आँखों में चमक आ जाती थी। दान का...
यरूशलेम की उन धूलभरी गलियों की याद, जो अब खंडहर बन चुकी थीं, हनान्याह के मन में एक टीस की तरह...
वह दिन ठंड की एक साँस लेकर आया था। सुबह की धुंध, जो आम तौर पर घाटी में रेंगती है, आज पहाड़ों की...
यह उस समय की बात है जब हिजकिय्याह राजा यरूशलेम में राज करता था, और अश्शूर के सिपाही देश के...
सूरज ढलने लगा था, और हवा में केसर और सूखी मिट्टी की महक तैर रही थी। सुलेखा बरामदे की मुंडेर...
उस गाँव में जहाँ धूप सोने जैसी पिघलती थी और हवा में मिट्टी की खुशबू रहती थी, एक बूढ़ा किसान...
बेबीलोन की नदियों के किनारे की धूल कुछ अजीब थी। महीन और पीली, पर चिपचिपी। ऐसी लगती थी जैसे यह...
वह सुबह थी जब बूढ़े दाऊद ने अपनी लिखने की तख्ती सम्हाली। महल की छत पर खड़े होकर उन्होंने...
वह दिन बहुत भारी था। हवा में उमस थी, और आसफ़ के मन का बोझ हवा से भी ज़्यादा गहरा। चलते-चलते...
वह दिन भी क्या दिन था। सुबह से ही आसमान में सघन, स्लेटी बादल छाए थे, मानो स्वर्ग का कोई बोझ...